श्रीमती मणि के. भारतीय लेखापरीक्षा एवं लेखा सेवा (IAAS) के 2001 बैच (सीधी भर्ती) से संबंधित हैं तथा उन्होंने 22-06-2026 को प्रधान महालेखाकार (लेखापरीक्षा-II), राजस्थान, जयपुर का कार्यभार ग्रहण किया है।
श्रीमती मणि के. के पास विज्ञान में स्नातकोत्तर (M.Sc.) तथा लंदन स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स एंड पॉलिटिकल साइंस (LSE), यू.के. से लोक प्रशासन में स्नातकोत्तर (MPA) की डिग्री है, साथ ही उनके पास सर्टिफाइड इंटरनल ऑडिटर (CIA), सर्टिफाइड इन्फॉर्मेशन सिस्टम्स ऑडिटर (CISA), तथा वित्तीय प्रबंधन में स्नातकोत्तर डिप्लोमा (PGDFM) जैसी व्यावसायिक योग्यताएं भी हैं।
उन्होंने वर्ष 2003 में भारतीय लेखापरीक्षा एवं लेखा सेवा में पदभार ग्रहण किया तथा अपने सेवाकाल की शुरुआत सहायक महालेखाकार, लेखा एवं हकदारी, कार्यालय प्रधान महालेखाकार (लेखा एवं हकदारी), केरल में की। इसके पश्चात उन्होंने उप निदेशक (प्रशासन/TFC), रेल लेखापरीक्षा, कार्यालय महानिदेशक लेखापरीक्षा, दक्षिण मध्य रेलवे, सिकंदराबाद, तथा उप/वरिष्ठ उप महालेखाकार (प्रशासन), राज्य सरकार लेखापरीक्षा, कार्यालय प्रधान महालेखाकार (लेखापरीक्षा-I), महाराष्ट्र, मुंबई के पद पर कार्य किया।
उन्होंने निदेशक, व्यावसायिक लेखापरीक्षा, कार्यालय महानिदेशक व्यावसायिक लेखापरीक्षा एवं पदेन सदस्य, लेखापरीक्षा बोर्ड-II, कोलकाता; निदेशक, केंद्रीय लेखापरीक्षा, कार्यालय महानिदेशक लेखापरीक्षा (केंद्रीय व्यय), नई दिल्ली; तथा निदेशक/OSD, विदेश लेखापरीक्षा, कार्यालय महानिदेशक लेखापरीक्षा, कुआलालंपुर, मलेशिया जैसे महत्वपूर्ण पदों पर कार्य किया है। प्रतिनियुक्ति पर जाने से पूर्व उन्होंने अकाउंटेंट जनरल (लेखा एवं हकदारी), कार्यालय प्रधान महालेखाकार (लेखा एवं हकदारी), बिहार, पटना के रूप में भी कार्य किया।
श्रीमती मणि के. को अंतरराष्ट्रीय लेखापरीक्षा का व्यापक एवं विविध अनुभव प्राप्त है। उन्होंने विश्व खाद्य कार्यक्रम (WFP), रोम की बाह्य लेखापरीक्षा कई बार की है तथा दक्षिण अफ्रीका, नामीबिया एवं केन्या में दूतावास लेखापरीक्षा का संचालन किया है। उन्होंने आसोसाई (ASOSAI) द्वारा प्रायोजित प्रदर्शन लेखापरीक्षा कार्यशाला, बैंकॉक; ISSAI कार्यान्वयन कार्यशाला, थाईलैंड; प्रथम भारत-चीन युवा लेखापरीक्षक फोरम, बीजिंग एवं शंघाई; तथा यूनिवर्सिटी ऑफ कैलिफोर्निया, बर्कले में प्रबंधन विकास कार्यक्रम में भाग लिया है। हाल ही में उन्होंने इंटरनेशनल फंड फॉर एग्रीकल्चरल डेवलपमेंट (IFAD), रोम, इटली में वरिष्ठ लेखापरीक्षा अधिकारी के रूप में प्रतिनियुक्ति पर कार्य किया, जिससे उनके वर्तमान पदभार में वैश्विक बहुपक्षीय लेखापरीक्षा अनुभव की समृद्धि जुड़ती है।

